नई दिल्ली – कांग्रेस नेता राहुल – प्रियंका गांधी ने मनरेगा (महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना) से जुड़े फैसलों को लेकर PM नरेंद्र मोदी की आलोचना की है राहुल गांधी ने कहा कि मनरेगा को खत्म करना या इसके स्वरूप में बदलाव करना महात्मा गांधी के आदर्शों और उनके विचारों का अपमान है मोदी सरकार को इस योजना के मूल उद्देश्य और गरीब जनता के हित से समस्या है राहुल गांधी ने कहा कि मनरेगा केवल रोजगार देने की योजना नहीं है यह ग्रामीण गरीबों के लिए जीवन रेखा की तरह है इसे खत्म करना या इसका स्वरूप बदलना महात्मा गांधी के सपनों के खिलाफ है यह ग्रामीण अर्थव्यवस्था और गरीबों की आर्थिक सुरक्षा पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने भी इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया दी उन्होंने कहा कि सरकार को मनरेगा का नाम बदलने की सनक है और यह महात्मा गांधी की सोच के खिलाफ है प्रियंका ने चेतावनी दी कि इस योजना का नाम बदलने से उसके मूल उद्देश्य और पहचान पर प्रश्न उठता है और यह ग्रामीण जनता में असंतोष पैदा कर सकता है मनरेगा का नाम और इसके आदर्श महात्मा गांधी की सोच से जुड़े हैं PM मोदी की सरकार यदि इसे बदलती है, तो यह ग्रामीण गरीबों के अधिकार और रोजगार के अधिकार के खिलाफ है सरकार को इस मामले पर दोबारा विचार करना चाहिए इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस तेज हो गई है कांग्रेस ने मोदी सरकार पर आरोप लगाया है

कि वह महात्मा गांधी के आदर्शों और ग्रामीण जनता के हित को नजरअंदाज कर रही है राहुल और प्रियंका दोनों ने इसे सियासी मुद्दा बताते हुए कहा कि जनता इस बदलाव को नोटिस कर रही है और इसके विरोध में आवाज उठ रही है मनरेगा जैसी यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण है इसका नाम या स्वरूप बदलने से ग्रामीण क्षेत्र में असंतोष और आलोचना बढ़ सकती है योजना ग्रामीण गरीबों को रोजगार, सुरक्षा और सामाजिक अधिकार देती है, इसलिए इसे बदलने का कदम संवेदनशील मुद्दा बन गया है कांग्रेस का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार अगर मनरेगा के नाम और स्वरूप में बदलाव करती है,

तो यह सीधे महात्मा गांधी के आदर्शों और उनके ग्रामीण विकास के विचारों के खिलाफ जाएगा राहुल-प्रियंका ने इसे सरकार की नीतियों के खिलाफ चेतावनी के रूप में पेश किया इस विवाद से आगामी चुनावों में ग्रामीण वोटरों के मन में असर पड़ सकता है ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा की लोकप्रियता बहुत अधिक है और इसे लेकर किसी भी बदलाव पर मतभेद होना स्वाभाविक हैइस पूरे विवाद में, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने पीएम मोदी की नीति और फैसलों पर सवाल उठाकर साफ संदेश दिया है कि कांग्रेस इस मुद्दे पर ग्रामीण जनता के पक्ष में खड़ी है
