कनाडा के प्रधानमंत्री ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण बयान दिया है, जिसमें उन्होंने वैश्विक व्यापार और आर्थिक नीतियों पर अपने विचार साझा किए उनके अनुसार, अमेरिका के दबदबे वाली पुरानी व्यवस्था का अंत हो चुका है, और अब वह पुराना सिस्टम कभी वापस नहीं आएगा इसके साथ ही उन्होंने अमेरिकी टैरिफ नीतियों पर भी निशाना साधा और कहा कि उनका उपयोग अंतरराष्ट्रीय व्यापार में दबाव बनाने के लिए किया जा रहा हैप्रधानमंत्री ने अपने बयान में कहा कि वैश्विक अर्थव्यवस्था अब एक नए युग में प्रवेश कर रही है उन्होंने स्पष्ट किया कि देशों को स्वतंत्र और न्यायसंगत व्यापारिक नीतियों के तहत काम करना चाहिए, और किसी भी राष्ट्र को अपने दबदबे के लिए टैरिफ या आर्थिक दबाव का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए उन्होंने कहा, अमेरिकी दबदबे वाली प्रणाली अब खत्म हो चुकी है पुराना सिस्टम कभी लौट कर नहीं आएगा, और दुनिया को इस बदलाव के लिए तैयार रहना होगाकनाडाई पीएम ने टैरिफ पर भी अपनी चिंता जताई। उनके अनुसार, टैरिफ का उपयोग अब केवल व्यापारिक नीति का हिस्सा नहीं रह गया है, बल्कि इसे हथियार के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है

उन्होंने कहा कि यह रणनीति छोटे और मध्यम देशों पर भारी प्रभाव डालती है और वैश्विक व्यापार के संतुलन को बिगाड़ती हैविशेषज्ञों का कहना है कि कनाडाई पीएम के इस बयान का असर न केवल अमेरिका-कनाडा संबंधों पर पड़ेगा, बल्कि वैश्विक व्यापार पर भी दीर्घकालिक प्रभाव डाल सकता है। उनके अनुसार, यह संकेत देता है कि कनाडा अब अपने व्यापारिक हितों की रक्षा के लिए और अधिक सक्रिय भूमिका निभाएगा, और अन्य देशों को भी समान रूप से स्वतंत्र व्यापार के अधिकारों का सम्मान करने के लिए प्रेरित करेगाप्रधानमंत्री ने कहा कि अब व्यवस्था का केंद्र केवल एक देश के नियंत्रण में नहीं रहेगा, और वैश्विक नीतियों में पारदर्शिता और न्याय पर अधिक जोर दिया जाएगा। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब दुनिया आर्थिक अनिश्चितता और व्यापारिक तनावों से जूझ रही हैकनाडाई पीएम ने आगे कहा कि उनकी सरकार न केवल अपने देश के व्यापारिक हितों की सुरक्षा करेगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी समान और न्यायसंगत व्यापारिक नीतियों को बढ़ावा देगी। उन्होंने यह भी कहा कि आर्थिक दबाव या टैरिफ के माध्यम से किसी देश को कमजोर करने का दौर समाप्त हो चुका हैविशेषज्ञों का मानना है कि इस बयान के बाद अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक मंचों पर बहुपक्षीय समझौतों और सहयोग की भूमिका बढ़ सकती है।

कनाडा के इस रुख से संकेत मिलता है कि अब छोटे और मध्यम देश भी अपने अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए और अधिक मुखर हो सकते हैंकुल मिलाकर, कनाडाई पीएम का यह बयान अंतरराष्ट्रीय व्यापार, आर्थिक न्याय और राजनीतिक दबदबे के खिलाफ स्पष्ट संदेश है। उनका कहना है कि अब पुराना सिस्टम पीछे छूट चुका है और वैश्विक आर्थिक संरचना में बदलाव अपरिवर्तनीय है उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में समान, पारदर्शी और न्यायसंगत व्यापारिक वातावरण ही दुनिया का मार्गदर्शन करेगाइस बयान के बाद विश्वभर के राजनीतिक और आर्थिक विशेषज्ञ इसे अंतरराष्ट्रीय व्यापार में नए युग की शुरुआत के रूप में देख रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम न केवल अमेरिका-कनाडा संबंधों पर असर डालेगा, बल्कि दुनिया के अन्य देशों को भी अपने व्यापारिक अधिकारों और नीतियों को फिर से परिभाषित करने की चुनौती देगा
