नमस्ते दोस्तों…
आज बिहार में जो हो रहा है, उसका नाम है – गरीब-विरोधी तानाशाही!
नीतीश कुमार और उनकी नई-नवेली गठबंधन सरकार ने जो “अतिक्रमण हटाओ अभियान” चलाया है, वो असल में है – “गरीब हटाओ अभियान”!
10 दिनों में 9 जिलों में 150 से ज़्यादा जगहों पर बुलडोजर चले… लेकिन किस पर?
बाहुबलियों पर? माफियाओं पर? राजद-सवर्ण-यादव-भूमिहार के बड़े-बड़े डॉन पर?
नहीं जनाब! बुलडोजर चला है चाट वाले, फल वाले, चाय वाले, रेहड़ी-पटरी वाले गरीब पर!
जिनकी रोज़ी-रोटी दिन के सौ-दो सौ रुपये में चलती है, उसी की कमाई छीन ली जा रही है!

देखिए पटना के बोरिंग रोड चौराहे पर चाट बेचने वाले जितेंद्र कुमार क्या कह रहे हैं…

“अपराधी तो गरीब आदमी है… बुलडोजर सच में अपराधियों पर चलता तो अच्छा होता, लेकिन चल गरीबों पर रहा है… हर वक्त डर लगा रहता है कि कोई दुकान तोड़ने तो नहीं आ रहा…”
दोस्तों, ये एक जितेंद्र की बात नहीं…
बिहार के हज़ारों स्ट्रीट वेंडर्स की जुबानी है!
जो सुबह 5 बजे उठकर परिवार पाल रहा है, उसकी गाड़ी एक झटके में उड़ा दी जा रही है!
पटना, गया, मुजफ्फरपुर, भागलपुर, बेगूसराय, समस्तीपुर, सीतामढ़ी, दरभंगा, पूर्णिया…
150 से ज़्यादा जगहों पर गरीबों की दुकानें ध्वस्त!
और साहब, इनमें से एक भी जगह किसी बाहुबली का अवैध बंगला, अवैध होटल, अवैध प्लॉट नहीं तोड़ा गया!
अब सवाल ये है –
जिन माफियाओं के नाम पर नीतीश कुमार 2005 में सत्ता में आए थे,
उनके घरों पर बुलडोजर क्यों नहीं चल रहा?
– शहाबुद्दीन का परिवार आज भी सैकड़ों एकड़ ज़मीन पर कब्ज़ा जमाए है – बुलडोजर कहाँ है?
– अनंत सिंह का अवैध आलीशान फार्महाउस – बुलडोजर कहाँ है?
– भूमिहार-सवर्ण के बड़े-बड़े खनन माफिया – बुलडोजर कहाँ है?
– रेत माफिया, शराब माफिया, ज़मीन माफिया – किसी पर एक ईंट नहीं हिली!
लेकिन चाय वाला, पकोड़ा वाला, फल वाला – उसकी रेहड़ी ज़बरदस्ती अतिक्रमण घोषित कर दी गई!
ये है नीतीश कुमार का नया बिहार?
जहाँ गरीब को कुचला जा रहा है, और अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं?
सोचिए… एक गरीब आदमी सुबह से शाम तक मेहनत करता है…
उसके बच्चे की फीस, दवाई, राशन – सब उसी रेहड़ी से चलता है।
एक झटके में बुलडोजर चला दिया… नोटिस तक नहीं भेजते और कहते हैं
“24 घंटे का अल्टीमेटम दिए हैं”… अरे साहब, जिसके पास खाने को रोटी नहीं, वो वकील कहाँ से लाएगा?
ये कोई कानून व्यवस्था नहीं है… ये गरीबों पर सीधा अत्याचार है!
ये तानाशाही है!
ये वो नीतीश कुमार हैं जो कभी “सुशासन बाबु” कहलाते थे…
आज वही सुशासन बाबु गरीबों के आँसू पी रहे हैं!
दोस्तों, अब चुप नहीं बैठना है!
इस वीडियो को हर बिहार वाले तक पहुँचाओ!
शेयर करो, कमेंट करो – “बुलडोजर बाहुबलियों पर चलाओ! गरीबों पर नहीं
जय हिंद! जय बिहार!
रिपोर्ट
अंकित शेखावत
