महाराष्ट्र में शहरी राजनीति का बड़ा दिन आज है राज्य के 29 नगर निगमों के चुनावों के नतीजे आज घोषित किए जाएंगे सुबह 10 बजे से मतगणना की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, जबकि दोपहर बाद तक अधिकांश नगर निगमों की तस्वीर साफ होने की उम्मीद है इन चुनावों को आगामी विधानसभा और लोकसभा राजनीति का सेमीफाइनल माना जा रहा है, ऐसे में सभी दलों की नजरें नतीजों पर टिकी हुई हैंचुनाव आयोग और राज्य प्रशासन ने मतगणना के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं हर नगर निगम मुख्यालय पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है और मतगणना केंद्रों के आसपास निषेधाज्ञा लागू की गई है कोविड या अन्य किसी आपात स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग को भी अलर्ट पर रखा गया है

अधिकारियों के मुताबिक मतगणना पूरी पारदर्शिता के साथ कराई जा रही है और हर राउंड के बाद परिणाम सार्वजनिक किए जाएंगेइस बीच, चुनाव से पहले आए 3 प्रमुख एग्जिट पोल ने भाजपा गठबंधन को स्पष्ट बहुमत मिलने का अनुमान जताया है एग्जिट पोल के अनुसार, शहरी मतदाताओं में भाजपा और उसके सहयोगी दलों को बढ़त मिलती दिख रही है माना जा रहा है कि विकास, इंफ्रास्ट्रक्चर और केंद्र सरकार की योजनाओं का असर इन चुनावों में देखने को मिला है हालांकि, विपक्षी दलों ने एग्जिट पोल को खारिज करते हुए दावा किया है कि जमीनी हकीकत नतीजों में सामने आएगीकांग्रेस, शिवसेना (उद्धव गुट), एनसीपी और अन्य क्षेत्रीय दलों के लिए ये चुनाव बेहद अहम माने जा रहे हैं विपक्षी दलों ने महंगाई, बेरोजगारी, स्थानीय समस्याओं और नगर निगमों में कथित भ्रष्टाचार को बड़ा मुद्दा बनाया था कई नगर निगमों में कांटे की टक्कर मानी जा रही है, जहां निर्दलीय और छोटे दल किंगमेकर की भूमिका निभा सकते हैंराजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यदि एग्जिट पोल के अनुमान सही साबित होते हैं और भाजपा गठबंधन को बहुमत मिलता है, तो इसका असर राज्य की राजनीति पर दूरगामी होगा इससे शहरी क्षेत्रों में भाजपा की पकड़ और मजबूत मानी जाएगी, साथ ही आगामी बड़े चुनावों के लिए पार्टी का मनोबल भी बढ़ेगा वहीं, यदि नतीजे एग्जिट पोल से उलट आते हैं,

तो विपक्ष को नई ऊर्जा मिल सकती है कई बड़े शहरों—मुंबई, पुणे, नागपुर, नाशिक, औरंगाबाद, सोलापुर जैसे नगर निगमों पर खास नजरें टिकी हैं इन नगर निगमों का राजनीतिक और आर्थिक महत्व काफी ज्यादा है। खासकर मुंबई नगर निगम को लेकर मुकाबला सबसे रोचक माना जा रहा है, क्योंकि इसे राज्य की राजनीति का पावर सेंटर कहा जाता हैमतगणना के दौरान शुरुआती रुझान सुबह के समय सामने आने लगे हैं, लेकिन अंतिम तस्वीर दोपहर बाद ही साफ होगी राज्यभर में पार्टी कार्यालयों में कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई है समर्थक ढोल-नगाड़ों और जश्न की तैयारी में हैं, वहीं कई जगहों पर नेता मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर पूजा-अर्चना करते नजर आएमहाराष्ट्र के 29 नगर निगमों के चुनाव नतीजे न सिर्फ शहरी सरकारों की दिशा तय करेंगे, बल्कि राज्य की सियासी हवा का रुख भी बताएंगे दोपहर बाद आने वाले परिणाम यह साफ कर देंगे कि जनता ने किस दल या गठबंधन पर भरोसा जताया है और किसे झटका लगा है पूरे राज्य की नजरें आज इन्हीं नतीजों पर टिकी हुई हैं
