बिहार में कानून-व्यवस्था को लेकर नई राजनीतिक चेतावनी सामने आई है। राज्य के केंद्रीय मंत्री एवं उप-मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि अपराधियों को अब राज्य में कोई जगह नहीं मिलेगी। उनका कहना है कि या तो अपराधी बिहार छोड़ें, या उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जंगलराज को पूरी तरह समाप्त किया जाएगा और राज्य में कानून का शासन सुनिश्चित किया जाएगा।मंत्री ने यह भी कहा कि कोई अपराधी यहाँ सुरक्षित नहीं रहेगा। जो लोग अवैध गतिविधियों में लिप्त हैं, उन्हें खुद को सुधारना होगा, अन्यथा उन्हें राज्य छोड़ना होगा। राज्य पुलिस और विशेष बल (STF) के हालिया अभियान के दौरान कुछ आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई तेज की गई है, और दो हफ्तों में कई मामलों में कार्रवाई की रिपोर्ट सामने आई है।यह बयान न केवल भाषण बल्कि नीति का भी संकेत है। यह दिखाता है कि नई सरकार अपराध नियंत्रण के लिए गंभीर है और राज्य में सुशासन स्थापित करने के लिए कदम उठाएगीदूसरी ओर, AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहना है

कि वे नीतीश कुमार की सरकार को समर्थन देने को तैयार हैं, लेकिन इसके लिए उन्होंने सीमांचल क्षेत्र के विकास को शर्त बनाया है। उन्होंने बताया कि बिहार की विकास कहानी केवल पटना और राजगीर तक सीमित नहीं रह सकती है ओवैसी ने भी यह बताया कि उनके पांच MLA जनता से नियमित संपर्क में रहेंगे। वे सप्ताह में दो दिन अपने क्षेत्र में लोगों से मुलाकात करेंगे और उनकी गतिविधियों की जानकारी लाइव साझा करेंगे, ताकि जनता को यह भरोसा हो कि उनके प्रतिनिधि जमीन पर सक्रिय हैं।ओवैसी का कहना है कि सीमांचल क्षेत्र में बाढ़, पलायन और भ्रष्टाचार जैसी समस्याओं का समाधान होना चाहिए और क्षेत्र को राज्य की राजनीति में उपेक्षित नहीं किया जाना चाहिए।
