कनाडा के एक स्कूल में हुई भीषण गोलीबारी की घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। इस फायरिंग में शूटर समेत कुल 10 लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। घटना के समय स्कूल में करीब 175 छात्र पढ़ाई कर रहे थे, जिससे हालात और भी भयावह हो गए। गोलीबारी के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत स्कूल को घेर लियास्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना स्कूल समय के दौरान हुई, जब छात्र कक्षाओं में मौजूद थे। अचानक गोलियों की आवाज सुनते ही शिक्षक और छात्र घबराकर इधर-उधर भागने लगे। कई छात्रों ने जान बचाने के लिए क्लासरूम में खुद को बंद कर लिया, जबकि कुछ ने स्कूल परिसर से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों पर शरण ली। पुलिस को सूचना मिलते ही भारी संख्या में सुरक्षाबलों को मौके पर भेजा गयापुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि हमलावर ने स्कूल परिसर में घुसते ही अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।

जवाबी कार्रवाई में सुरक्षा बलों ने शूटर को ढेर कर दिया, लेकिन तब तक कई लोग उसकी गोलियों का शिकार हो चुके थे। मृतकों में छात्र, स्कूल स्टाफ और एक संदिग्ध हमलावर शामिल है। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां कुछ की हालत गंभीर बनी हुई हैघटना के बाद पूरे इलाके को लॉकडाउन कर दिया गया। स्कूल के आसपास की सड़कों को बंद कर दिया गया और अभिभावकों को बच्चों से मिलने की अनुमति सुरक्षा जांच के बाद ही दी गई। कई माता-पिता अपने बच्चों की सलामती को लेकर गहरे सदमे में दिखे। अस्पतालों के बाहर परिजनों की भीड़ जुट गई, जहां लोग अपने प्रियजनों की खबर पाने के लिए बेचैन नजर आएकनाडा सरकार और स्थानीय प्रशासन ने घटना पर गहरा दुख जताया है। प्रधानमंत्री ने इसे “बेहद दर्दनाक और अस्वीकार्य” बताया और मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि स्कूलों जैसी सुरक्षित मानी जाने वाली जगहों पर इस तरह की हिंसा समाज के लिए गंभीर चेतावनी है। सरकार ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं

पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हमलावर ने वारदात को अंजाम क्यों दिया और उसे हथियार कहां से मिले। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, आरोपी अकेला था और उसकी किसी आतंकी संगठन से सीधी कड़ी के संकेत फिलहाल नहीं मिले हैं। हालांकि, उसकी मानसिक स्थिति और पृष्ठभूमि की गहन जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां उसके सोशल मीडिया अकाउंट्स और संपर्कों को भी खंगाल रही हैंइस घटना ने एक बार फिर स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शिक्षा विशेषज्ञों और अभिभावक संगठनों ने स्कूल परिसरों में सुरक्षा बढ़ाने, प्रवेश पर सख्त जांच और मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने की मांग की है। कई लोगों का कहना है कि छात्रों और शिक्षकों की काउंसलिंग भी जरूरी है, ताकि इस सदमे से उबरने में उन्हें मदद मिल सकेफिलहाल स्कूल को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है और छात्रों की पढ़ाई ऑनलाइन माध्यम से कराने पर विचार किया जा रहा है प्रशासन का कहना है कि हालात सामान्य होने के बाद ही स्कूल दोबारा खोला जाएगा। कनाडा में यह घटना लंबे समय तक लोगों के दिलों में डर और चिंता छोड़ने वाली मानी जा रही है
