मथुरा- यमुना एक्सप्रेस‑वे पर मंगलवार सुबह घना कोहरा और कम दृश्यता के बीच एक भयानक सड़क हादसा हुआ यह घटना में 7 बसें और 3 कारें एक-दूसरे से आपस में टकरा गईं इस दर्दनाक हादसे में चार लोगों की जिंदा जलने से मौत हो गई, जबकि 66 अन्य यात्रियों को गंभीर स्थिति में पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है हादसे से चारों तरफ एक्सप्रेस‑वे पर अफरा‑तफरी मच गई स्थानीय लोगों और राहगीरों ने बताया कि कई वाहन एक के बाद एक टकरा रहे थे, जिससे दृश्य बेहद भयावह बन गया कुछ बसों में आग लग गई, जिसे बुझाने में फायर ब्रिगेड को काफी समय लगा इस घटनास्थल पर पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत पहुंची और घायल यात्रियों को बचाने में जुट गईपुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान कर ली गई है और शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे गए हैं घायलों में कुछ की स्थिति गंभीर है,

जिन्हें आईसीयू में रखा गया है हादसे के कारण यमुना एक्सप्रेस‑वे पर लंबा जाम लग गया और प्रशासन ने यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करने के लिए कहा जिला अधिकारी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि हादसे की जांच शुरू कर दी गई है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी उन्होंने आगे कहा कि कोहरे के मौसम में एक्सप्रेस‑वे पर वाहन चलाने वाले सभी चालकों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है

सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि हाई‑स्पीड एक्सप्रेस‑वे पर कोहरे के दौरान वाहन धीमी गति से चलाना बेहद जरूरी है और हेडलाइट्स का उपयोग करना अनिवार्य है। यात्रियों को भी हमेशा सीट बेल्ट पहनने और सतर्क रहने की आवश्यकता होती है इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता देने की घोषणा भी की है

यमुना एक्सप्रेस‑वे जैसी हाई‑स्पीड सड़कों पर कोहरे के समय वाहन चलाना जोखिम भरा होता है भविष्य में ऐसे हादसों से बचने के लिए एक्सप्रेस‑वे पर कोहरे की चेतावनी के लिए विशेष साइनेज और रडार सिस्टम लगाने की आवश्यकता है इस हादसे ने फिर से सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों की अनदेखी पर सवाल खड़े कर दिए हैं

प्रशासन और सड़क सुरक्षा विभाग को चाहिए कि वो यात्रियों की सुरक्षा के लिए तुरंत कड़े कदम उठाएं और एक्सप्रेस‑वे पर सतर्कता बढ़ाएं मौके पर मौजूद यात्रियों ने बताया कि हादसा अचानक हुआ और वाहन चालक को टकराने से रोकने का समय नहीं मिला कई यात्रियों ने अपनी जान की परवाह किए बिना घायल लोगों को बाहर निकालने की कोशिश की। स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड ने मिलकर फंसे हुए लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा रहा है
